राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने राष्ट्रीय सेवा योजना पुरस्कार विजेताओं को किया सम्मानित
नई दिल्ली । राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद (Ram Nath Kovind) ने आज शुक्रवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए राष्ट्रीय सेवा योजना पुरस्कार 2019-20 (National Service Scheme (NSS) Award) कार्यक्रम में पुरस्कार विजेताओं को सम्मानित किया। केंद्रीय युवा कार्यक्रम और खेल मंत्री अनुराग ठाकुर तथा युवा कार्यक्रम और खेल राज्य मंत्री निसिथ प्रमाणिक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इस समारोह में शामिल हुए। वर्ष 2019-20 के लिए राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) पुरस्कार तीन अलग-अलग श्रेणियों- विश्वविद्यालय/+2 परिषद, एनएसएस इकाइयां एवं उनके कार्यक्रम अधिकारी और एनएसएस स्वयंसेवक- में दिए गए। इन श्रेणियों में कुल 42 पुरस्कार दिए गए।
एनएसएस को बढ़ावा देने के लिए दिए जाते हैं पुरस्कार -
युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय का युवा कार्यक्रम विभाग हर साल विश्वविद्यालयों/कॉलेजों, (+2) परिषदों, उच्च माध्यमिक, एनएसएस इकाइयों/कार्यक्रम अधिकारियों और एनएसएस स्वयंसेवकों द्वारा स्वैच्छिक सामुदायिक सेवा के लिए दिए गए उत्कृष्ट योगदान को प्रोत्साहन और सराहना देने के लिए राष्ट्रीय सेवा योजना पुरस्कार प्रदान करता है। ये पुरस्कार देश में एनएसएस को बढ़ावा देने के उद्देश्य से प्रदान किए जाते हैं।
जानिए क्या है एनएसएस -
एनएसएस एक केंद्रीय क्षेत्र की योजना है जिसे वर्ष 1969 में स्वैच्छिक सामुदायिक सेवा के माध्यम से छात्र युवाओं के व्यक्तित्व और चरित्र के विकास के प्राथमिक उद्देश्य के साथ शुरू किया गया था। एनएसएस का वैचारिक आधार महात्मा गांधी के आदर्शों से प्रेरित है। इसलिए बहुत ही उपयुक्त रूप से एनएसएस का आदर्श वाक्य है 'स्वयं से पहले आप' जिसे अंग्रेजी में नॉट मी, बट यू कहा जाता है। एनएसएस स्वयंसेवक, सामाजिक महत्व के मुद्दों पर काम करते हैं, जो नियमित और विशेष शिविर गतिविधियों के माध्यम से समुदाय की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विकसित होते रहते हैं।
इन मुद्दों पर काम करता है एनएसएस-
एनएसएस साक्षरता और शिक्षा, स्वास्थ्य, परिवार कल्याण और पोषण, पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक सेवा कार्यक्रम, महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए कार्यक्रम, आर्थिक विकास गतिविधियों से जुड़े कार्यक्रम, आपदाओं के दौरान बचाव और राहत, आदि मुद्दों पर काम करता है।
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