किसानों की जमीनों के मुफ्त में सुधारे जाएंगे रिकॉर्ड
भोपाल. जमीनों के दस्तावेजों में त्रुटियों के सुधार के लिए अगस्त में एक सप्ताह का विशेष रिकार्ड शुद्धीकरण अभियान चलाया जाएगा। इसमें किसानों की जमीनों का रिकार्ड मुफ्त में सुधारा जाएगा। कोई शुल्क नहीं लगेगा। यह बात मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंत्रालय में गुरुवार को किसान मंच के प्रतिनिधियों से संवाद में कही। इस मौके पर किसान मंच ने मुख्यमंत्री से किसानों की समस्याओं का भी जिक्र किया। सीएम ने किसानों की समस्याओं को सुलझाने का आश्वासन दिया।
शिवराज ने कहा, अविवादित नामांतरण के लिए स्थापित नई व्यवस्था की जन सामान्य को जानकारी देने के लिए भी व्यापक स्तर पर जागरुकता अभियान चलाया जाए। शिवराज ने कहा, जले ट्रांसफार्मर की जगह अधिक क्षमता के ट्रांसफार्मर लगाए जाएं। शिविर लगाकर समाधान किया जाए। हक त्याग के संबंध में राजस्व विभाग और पंजीयक विभाग समन्वय से स्पष्ट व्यवस्था करें। सीमांकन के लिए मशीनें बढ़ाई जाएंगी।
नकली दूध के खिलाफ अभियान
शिवराज ने कहा कि प्रदेश में नकली दूध के विरुद्ध सघन अभियान चलाया जाए। मंडियों में मानक परीक्षा मशीनें लगाई जाएंगी। लहसुन, प्याज की सफाई में लगी महिलाओं को हम्मालों को मिलने वाली सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। सहकारी संस्थाओं की गंभीर शिकायतों की जांच अब प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा कराई जाएगी। शिवराज ने निर्देश दिए कि आरआइ व पटवारियों को गृह तहसील में पदस्थ नहीं किया जाए।
ये मुद्दे रखे
रजिस्ट्री होते ही नामांत्रित दस्तावेज उपलब्लध कराए जाएं।
पटवारी ही कंप्यूटर रिकार्ड में दर्ज करें, जवाबदारी निश्चित हो।
अविवादित बंटवारा आपसी सहमति के आधार पर नोटरी कराने पर तहसीलदार द्वारा किया जाए।
विभाग द्वारा खसरा बी-1 में की गई त्रुटियों को विभाग द्वारा सुधार किया जाए।
खेतों के परंपरागत रास्तों का नक्शे में अंकन किया जाए।
पटवारियों से राजस्व काम ही लिए जाएं, बाकी काम अन्य अफसरों से कराएं।
गिट्टी खनन की परमिशन ऐसे स्थान पर दी जाए, जहां पर खनन के बाद जल संग्रह हो सके।
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